शनि और अपमान
अगर लोग आपकी अवहेलना करें, आपका मज़ाक बनाये और आपको अपमानित करें तो लोगों के कहे को, व्यक्तिगत रूप में ना लें ।
आपका शनि बलवान है और आप उन्नति की ओर अग्रसर है – आपमे धैर्य भी बहुत है । याद रखें – बलवान शनि वफादार सेवक स्वरूप है । अपमान और अवहेलना सहन करना सेवक का धर्म है इसी से वफादारी का जन्म होता है । इस तरह – वफादार सेवक ही उन्नति की ओर अग्रसर रहता है ।
लेकिन जो आपका अपमान करते हैं उनका मंगल प्रभावी होता है और मंगल की शनि से शत्रुता तो जग जाहिर है । ये उनकी सोच का reflections होता है, जो वो महसूस करते है । जैसे गलत दवा ले लेने से उसका रिएक्शन होता है वैसे ही उनकी गलत सोच उनका रिफ्लेक्शन होती है । मंगल के कारण उनमे पित और ईर्ष्या ज्यादा होती है ।
आपकी तो लोकप्रियता बढ़ रही है जिसे वो पचा नहीं पा रहे है और अपचे खाने की तरह बाहर उगल रहे हैं । लेकिन कुछ लोग – जिनका शुक्र बलवान होता है – मन ही मन आपको पसंद भी बहुत करते हैं ।

